
लाहौल और स्पीति अपनी ऊंची पर्वतमाला के कारण शेष दुनिया से कटा हुआ है। रोहतांग दर्रा 3,978 मी की ऊंचाई पर लाहौल और स्पीति को कुल्लू घाटी से पृथक् करता है। जिले़ की पूर्वी सीमा तिब्बत से मिलती है, उत्तर में लद्दाख भू-भाग (जम्मू और कश्मीर में स्थित) और किन्नौर एवं कुल्लूदक्षिण सीमा में हैं
लाहौल और स्पीति भारतीय राज्य हिमाचल प्रदेश का एक जिला है। जिले का मुख्यालय केलांग है। हिमाचल प्रदेश के दो पूर्व जिलों लाहौल और स्पीति के विलयोपरांत, अब लाहौल और स्पीति एक जिला है। विलय के पूर्व लाहौल का मुख्यालय करदंग और स्पीति का मुख्यालय दनकर था।
जनसंख्या
• घनत्व
33,224
• 2/किमी2 (5/मील2)
साक्षरता
73.10%%
क्षेत्रफल
13,833 km² (5,341 sq mi)

• कुंजुम – यह लाहुल को स्पीति से जोड़ता है।
• रोहतांग – रोहतांग दर्रा लाहुल को कुल्लू से जोड़ता है।
• कुगति- यह लाहुल को भरमौर से जोड़ता है ।
• बारालचा- लाहुल को लद्दाख से जोड़ता है।
{महत्वपूर्ण नदियां}
✓चंद्रा
✓भागा
✓ स्पीति
✓ पिन
• चंद्रा नदी शीगड़ी ग्लेशियर से होते हुए तांदी तक बहती है।
• भागा नदी बारालाचा दरे से निकलकर सुरजताल {सूर्य कि झील} में प्रवेश करती है।
• स्पीति नदी स्पीति की ओर किनौर की प्रसिद्ध नदी है। त्तथा खाब्ब के पास सतलुज में मिलती है।
• पिन स्पीति की सहायक नदी है।
{लाहुल से समधित महत्वपूर्ण पहलू}
✓ लाहुल को गारजा ओर स्वांगला भी कहा जाता है।
✓ राहुल साकृत्यायन ने इसे देवताओं की भूमि कहा है।
✓ स्पीति का अर्थ है {मणियो की भूमि}

• मनु को इस क्षेत्र का प्राचीन शासक बताया जाता है।
• जासकर क्षेत्र में कनिष्क का एक स्तूप प्राप्त हुआ है।
• हवेन्नसांग ने 635 ई में कुल्लू और लाहौल की यात्रा की थी।
• हवेंसाग के अनुसार स्पीति पर सेन राजाओं का राज था।
•जिसका पहला राजा समुद्र सेन था।
• स्पीति के शासकों को नोनो कहा जाता
था।

✓ 8वी सदी में लाहौल कश्मीर का भाग बन गया था। कश्मीर कला 11वी सदी तक लाहौल में रहा।
✓ कुल्लू के राजा बहादुर शाह (1532-1559 ई) के समय लाहौल कुल्लू का भाग बन गया था।
✓ चंबा के राजाओं ने भी लाहौल अधिकार किया था उदयपुर का मृकुला देवी मंदिर चंबा के राजा प्रताप सिंह वर्मन ने बनवाया था।
✓ वर्ष 1681 ई में मंगोलों ने लाहौल पर आक्रमण किया था।
✓ कुल्लू के राजा मानसिंह (1690-1720 ई) ने गोंधला किला बनवाया।

✓ विलियम मुरक्राफ्ट की 1820 ई में लाहौल यात्रा का विवरण यहां दर्ज है।
✓ 1840 ई में लाहौल सिखों के कब्जे में आ गया।
सिखों के सेनापति जोरावर सिंह ने 1834-35 ई में लद्दाख , जास्कर और स्पीति पर आक्रमण किया।
• चंबा लाहौल और ब्रिटिश लाहौल का विलय 1975 ई में हुआ।
• अंग्रेजो ने बलिराम को लाहौल का पहला नेगी बनाया।
• 1857 ई के विरोध के समय स्पीति की नोनों बजिर ने अंग्रेजो की मदद की थी।
•1941 ई को लाहौल – स्पीति उपतहसील बनी और उसका मुख्यालय केलांग बनाया गया।
{कला , संस्कृति , मेले और गोंपा}
गोंपा:

✓ ताबो , की ओर धांकर गोमा स्पीति में स्थित है।
{गेफांग , डाबला , और तंग्युर यहां के प्रमुख देवता है}
{त्योहार / उत्सव}
• लदार्चा
• सिस्सू मेला
• फागली मेला
• पौरी मेला
• हालदा / लोसर – यह नववर्ष का आगमन त्योहार है।

• शेहनी
• धुरे
• घारफी ( लाहौल का सबसे पुराना नृत्य)
:लाहौल स्पीति से समंधीत कुछ महत्वपूर्ण पहलू:
✓ विद्युत प्राप्त करने वाला विश्व का उच्चतम गांव किबर लाहौल स्पीति में स्थित है।
✓ खोसकर चंद्रा घाटी पुराना गांव ( लाहौल का सबसे ठंडा गांव )
✓ केलांग की समुद्रतल से ऊंचाई 3165 मी है।
✓ लोसर स्पीति का अंतिम गांव है।
✓ त्रिलोकीनाथ में अवलोकितेश्वर बोधिसत्व की संगमरमर की अष्टभुजी मूर्ति है।
✓ धांकर स्पीति के राजा की राजधानी थी।
✓ त्रिलोकीनाथ , उदयपुर , चंद्रा ताल लाहौल स्पीति के स्थित है।